धनबाद(DHANBAD: हमारे समाज में बुजुर्गों का एक ऐसा तबका भी है, जो अपनों से तिरस्कृत होकर उपेक्षित जीवन जी रहा है. वृद्ध आश्रमों में अपनी जिंदगी बीता रहा है. यह हमारे समाज की एक अत्यंत चिंताजनक सच्चाई है. तेजी से बदलते सामाजिक परिवेश में संयुक्त परिवारों के टूटने और एकल परिवारों के चलन के कारण बुजुर्गों को उपेक्षित किया जा रहा है. लगातार वृद्ध आश्रमों की बढ़ती संख्या ,इस बात का प्रमाण है कि बुजुर्गों को घर से दूर किया जा रहा है या स्वयं लगातार उपेक्षा की वजह से वह घर छोड़ने को बाध्य हो रहे हैं. यह कोई नहीं समझ रहा है कि बुजुर्गों को पैसे से ज्यादा परिवार के सदस्यों से प्यार, सम्मान और समय की जरूरत होती है.
बुढ़ापा ही जीवन की संवेदनशील अवस्था है, जहां उन्हें देखभाल और अपनेपन के सहारे की जरूरत होती है. बुजुर्गों को पर्व -त्यौहार के दिन भी परिजनों के साथ रहना नशीब नहीं होता। और शायद यही वजह है कि सोमवार को धनबाद के उपायुक्त आदित्य रंजन जब सबलपुर स्थित ओल्ड एज होम पहुंचे, तो वृद्ध जनों के चेहरे खुशी से खिल उठे. बुजुर्ग उन्हें अपनी आंचल के सभी आशीर्वाद लुटा दिए, झोली भर- भर कर आशीर्वाद दिया। उपायुक्त आदित्य रंजन सोमवार को सबलपुर स्थित ओल्ड एज होम में वृद्ध जनों के साथ अबीर-गुलाल व फूलों की होली खेली। उपायुक्त ने सभी को होली की शुभकामनाएं एवं बधाई दी, वहीं ओल्ड एज होम के वृद्ध जनों ने भी उपायुक्त को अबीर-गुलाल लगाकर, शुुभकामनाएं और आशीर्वाद दिए. इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि उन्होंने इस वर्ष की होली वृद्ध जनों के साथ खेली है.
कहा कि राज्य सरकार को अनुरोध करने पर राज्य सरकार ने सबलपुर ओल्ड एज होम को विकसित कर 88 बेड का आश्रम बनाने की योजना तथा ओल्ड एज होम के संचालन के बजट को स्वीकृति प्रदान की है. इस घोषणा से सभी वृद्ध जनों के चेहरे खुशी से खिल उठे. साथ ही कहा बरसात से पहले एक नया बिल्डिंग बनाने की शुरुआत की जाएगी। उपायुक्त ने आश्रम का अच्छे से संचालन करने के लिए पूरी टीम को बधाई दी. मौके पर उपायुक्त आदित्य रंजन, आश्रम के अध्यक्ष मो. नौशाद गद्धी, कोषाध्यक्ष ओमकार मिश्रा, कार्यकारिणी अध्यक्ष सुधीर बरनवाल, सह-सचिव सुरेंद्र यादव, विजय सिन्हा सहित बड़ी संख्या में आश्रम के वृद्ध जन मौजूद थे.
रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो
