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धनबाद से सटे बंगाल में 1826 की फैक्ट्री अब तक चल रही थी लेकिन पढ़िए अब क्यों बंद हो जाएगी

BY -
Satya Bhushan Singh   Dhanbad
Satya Bhushan Singh Dhanbad
Copy Editor • TheNewsPost.in
PublishedAt: January 12, 2026, 12:24:39 PM

धनबाद(DHANBAD):  क्या आप कभी सोच सकते हैं कि 1826 में बनी फैक्ट्री अभी भी चल रही होगी.  बिल्कुल चल रही थी लेकिन अब इस पर बंदी का खतरा  आ गया है.  या यूं कहें की  कंपनी लगभग बंद हो चुकी है.  इस कंपनी के बारे में कहा जाता है कि यह देश की दूसरी सबसे बड़ी स्पिरिट  उत्पादन कंपनी थी.  धनबाद से सटे आसनसोल के कुमारपुर इलाके में स्थित डियाजिओ की सहायक कंपनी यूनाइटेड स्पिरिट्स लिमिटेड इन दिनों  बंदी को लेकर चर्चा में है.  कंपनी में 7 महीने से प्रोडक्शन बंद है.  कंपनी ने अपनी  फैक्ट्री परिसर में बने तमाम मजदूरो  के आवास खाली करा  दिया है.  

आवासों को तोड़कर जमीन को समतल करा  लिया गया है.  कंपनी ने फैक्ट्री में रखे तमाम कल -पुर्जे ,मशीन , विभिन्न ब्रांड के शराब की  बोतलों के ढक्कन, शराब के अलग-अलग लेवल सहित अन्य चीजों को भी लेकर चली गई है.  विभिन्न ब्रांड की शराब बनाने वाली इस विश्व स्तरीय शराब फैक्ट्री में शराब के बोतल का एक टुकड़ा तक नहीं है.  हालांकि मजदूरों को अभी भी भरोसा है कि फैक्ट्री एक न एक दिन अवश्य खुलेगी.  1826 में बनी इस फैक्ट्री में अभी भी 145 स्थाई कर्मचारी है, जबकि 110 मजदूर कैजुअल काम  पर है.  फिलहाल कंपनी सभी को तो नहीं लेकिन स्थाई मजदूरो  को हर महीने वेतन दे रही है.  

इधर, यह भी सूचना है कि फैक्ट्री परिसर को खरीदने के लिए कई तरह के लोग पहुंच रहे है.  इससे मजदूरों का साहस टूट रहा है और भय  व्याप्त हो गया है.  मजदूरों का मानना है कि कंपनी उन्हें ठगने का काम कर रही है.  तनख्वाह देखकर उन्हें धोखे में रखा जा रहा है.  110 कैजुअल मजदूरों को तो पैसा नहीं मिल रहा है.  अब कंपनी के कर्मचारी एक साथ मिलकर आंदोलन की रूपरेखा तय कर रहे है.  वैसे, मजदूरों को अभी भी भरोसा है कि बंगाल के मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इस पर ध्यान देगी और इस ऐतिहासिक फैक्ट्री को नया  जीवन देने  का प्रयास शुरू किया जाएगा.  वैसे, इस फैक्ट्री के भविष्य को लेकर ममता बनर्जी मजदूरों के निशाने पर है.  देखना है कि अब आगे -आगे होता है क्या? 

इस मामले पर सीटू के नेता मुक्तेश्वर बाउरी  ने कहा है कि केंद्र में नरेंद्र मोदी और राज्य में ममता बनर्जी की सरकार एक ही सिक्के के दो पहलू है.  जब-जब उनकी सरकार आई है, राज्य की कई फैक्ट्रियां धीरे-धीरे बंद होती जा रही है.  जिससे  राज्य में बेरोजगारी का खतरा बढ़ रहा है.  उन्होंने कहा है कि वह नेता के अलावा यूनाइटेड स्पिरिट्स कंपनी के  एक स्थाई मजदूर भी है.  जिस तरह से अब तक की कार्रवाई की गई है, उससे  स्पष्ट है कि फैक्ट्री बंद होकर ही रहेगी.  इधर, इस फैक्ट्री की बदहाली पर भाजपा नेता कृष्णेन्दु मुखर्जी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते  हुए कहा है कि राज्य में फैक्ट्री का एक के बाद एक बंद होने का सिलसिला चल निकला है.  उन्होंने कहा है कि जब तक बंगाल में ममता बनर्जी की सरकार रहेगी, तब तक राज्य को कुछ इसी तरह की बदहाली झेलनी पड़ेगी. 

रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो 

Tags:DhanbadAsansolFactoryandolanCMfactory of 1826Asansol factory

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