गढ़वा (GARHWA) : गढ़वा जिले की राजनीति में आज बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला. गढ़वा विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक सत्येंद्रनाथ तिवारी के खिलाफ पूर्व मंत्री और झामुमो के केंद्रीय महासचिव मिथलेश ठाकुर ने गढ़वा व्यवहार न्यायालय में मानहानि का मुकदमा दर्ज कराया है. यह मामला गढ़वा व्यवहार न्यायालय के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में दायर किया गया, जहां कोर्ट ने पूर्व मंत्री मिथलेश ठाकुर की याचिका को स्वीकार कर लिया है. अदालत ने कहा है कि इस मामले में जल्द ही संबंधित पक्ष को नोटिस जारी किया जाएगा.
पूर्व मंत्री मिथलेश ठाकुर ने अपनी याचिका में बताया कि उनके पिता स्वर्गीय कौशल किशोर ठाकुर एक स्वतंत्रता सेनानी थे. उन्होंने देश की आज़ादी की लड़ाई में ‘गरमदल’ के सच्चे सिपाही के रूप में अहम भूमिका निभाई थी. आरोप है कि भाजपा विधायक सत्येंद्रनाथ तिवारी ने उनके पिता की स्वतंत्रता सेनानी की पहचान पर सवाल उठाते हुए अमर्यादित और आपत्तिजनक टिप्पणी की. मिथलेश ठाकुर का कहना है कि इस बयान से उनके परिवार की छवि को ठेस पहुंची है. उन्होंने बताया कि इस मामले को लेकर पहले विधायक को लीगल नोटिस भी भेजा गया था, लेकिन कोई जवाब नहीं मिलने के बाद अब न्यायालय का दरवाजा खटखटाया गया है.
वहीं, पूर्व मंत्री के अधिवक्ता परेश कुमार तिवारी ने जानकारी दी कि मानहानि का यह मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं के तहत दायर किया गया है. कोर्ट ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दोबारा नोटिस जारी करने का निर्देश दिया है. अब इस केस पर सभी की निगाहें टिकी हैं, क्योंकि यह मामला न सिर्फ कानूनी बल्कि राजनीतिक तौर पर भी गढ़वा जिले में हलचल मचा सकता है.
रिपोर्ट-धर्मेंद्र कुमार
