रांची (RANCHI): भारतीय संविधान के निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके विचारों को याद किया. इस मौके पर उन्होंने कहा कि संविधान ही देश के शोषित, वंचित और आदिवासी समाज के लिए सबसे बड़ा सुरक्षा कवच है, जो उन्हें सम्मान और अधिकार के साथ आगे बढ़ने की ताकत देता है.
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में बाबा साहेब के योगदान को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि उन्होंने भारत को एक मजबूत लोकतांत्रिक आधार प्रदान किया, जिसमें समानता, न्याय और अधिकार की भावना निहित है. उन्होंने कहा कि कठिन परिस्थितियों के बावजूद डॉ. अंबेडकर का संघर्ष, शिक्षा के प्रति समर्पण और अटूट साहस आज भी समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत है.
सीएम ने यह भी कहा कि बाबा साहेब ने केवल संविधान का निर्माण ही नहीं किया, बल्कि समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक भी किया. आज संविधान की यही शक्ति कमजोर और पिछड़े वर्गों के लिए आगे बढ़ने का मार्ग प्रशस्त कर रही है.
अपने संदेश के अंत में मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे बाबा साहेब के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाएं और एक ऐसे समाज के निर्माण में योगदान दें, जहां हर व्यक्ति को समान अवसर, सम्मान और न्याय मिल सके. उन्होंने कहा कि यही सच्ची श्रद्धांजलि होगी, जब हम एक स