✕
  • News Update
  • Trending
  • Jharkhand
  • Bihar
  • Politics
  • Business
  • Sports
  • National
  • Crime Post
  • Life Style
  • Health Post
  • Foodly Post
  • TNP Special Stories
  • Big Stories
  • Know your Neta ji
  • Entertainment
  • Know Your MLA
  • Art & Culture
  • Tour & Travel
  • Local News
  • Special Stories
  • TNP Photo
  • Techno Post
  • covid -19
  • LS Election 2024
  • TNP Explainer
  • International
  • Blogs
  • Education & Job
  • Special Story
  • Religion
  • Top News
  • Latest News
  • Lok Sabha Chunav 2024
  • YouTube
☰
  1. Home
  2. /
  3. News Update

झारखंड में नया विमर्श :  विधायक-मंत्रियो की सुख-सुविधा को क्या मुद्दा बना पाएंगे विधायक जयराम महतो !

BY -
Satya Bhushan Singh   Dhanbad
Satya Bhushan Singh Dhanbad
Copy Editor • TheNewsPost.in
PublishedAt: January 14, 2026, 12:59:26 PM

धनबाद (DHANBAD) : झारखंड के चर्चित विधायक जयराम महतो की यह मांग आगे कितनी जोर पड़ेगी? क्या विधायक जयराम महतो विधायक और मंत्रियों की आवास के मामले को मुद्दा बना  पाएंगे? क्या इसमें उन्हें राजनीतिक सहयोग मिलेगा? यह सब सवाल राजनीतिक गलियारों में घूम रहे है. वैसे ऑफ द रिकॉर्ड कई विधायकों ने कहा कि जयराम महतो के इस मांग में कोई दम नहीं है. ऐसा हो ही नहीं सकता.  हालांकि आम लोग जयराम महतो के इस मांग  पर बहुत हद तक सहमति जाता रहे है.  

आम लोग क्यों सराह रहे है विधायक के इस डिमांड को 

कह रहे हैं कि कम से कम विधायक और मंत्रियों की सुख सुविधा के खिलाफ आवाज उठाने वाला झारखंड में एक विधायक तो है. उन्हें आईना तो दिखा रहे है.  बता दें कि झारखंड के विधायकों के लिए नए-नए आवास बने है.  मंत्रियों के लिए भी बने है.  विधायक जयराम महतो का कहना है कि जनता के पैसों से यह सब कुछ होता है और जनता संकट में रहे और उसके वोट से जीत कर आने वाले लोग सुख -सुविधा भोगे , यह  होना नहीं चाहिए.  दरअसल पेंडिंग छात्रवृत्ति के मुद्दे को लेकर जयराम महतो खासे नाराज है. उनकी पार्टी आंदोलन की राह पकड़ चुकी है. 

विधायक-मंत्री आवास को क्यों नीलाम करने की हुई है मांग 

सोशल मीडिया पर झारखंड के चर्चित विधायक जयराम महतो ने कहा है कि नहीं चाहिए- 4 करोड़ 32 लाख का आवास, अध्यक्ष महोदय-नीलाम कर दें और उन पैसों को छात्रों में छात्रवृत्ति के रूप में बांट दे.  छात्रों को 2 साल से स्कॉलरशिप नहीं मिल रहा है और विधायक 4 करोड़ के सरकारी घर में रहते है. झारखंड आंदोलनकारी को मात्र 3500 पेंशन मिलती है और मंत्री 6 करोड़ के बंगले में रहते है. राज्य का दुर्भाग्य है, राज्य में खजाना खाली है, राजस्व का नुकसान हो रहा है, कोयला, बालू चोरी चरम पर है. बता दे कि छात्रवृत्ति को लेकर झारखंड में हाहाकार  मचा हुआ है. एक तरफ इसको लेकर सियासत तेज है, तो दूसरी ओर राज्य के छात्रों को छात्रवृत्ति नहीं मिलने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. विपक्ष के सवालों से घिरे कल्याण विभाग की स्थिति विचित्र हो गई है. 

सरकार के साथ -साथ कल्याण मंत्री चमरा लिंडा है निशाने पर 

कल्याण मंत्री चमरा लिंडा सबके निशाने पर है. हालांकि उन्होंने राशि का भुगतान नहीं होने के लिए केंद्र को दोषी ठहराया है. झारखंड में बच्चों को छात्रवृत्ति नहीं मिलने का मुख्य कारण सरकार की ओर से फंड जारी नहीं करना बताया जाता है.  इससे झारखंड के हजारों छात्र प्रभावित है. जयराम महतो की पार्टी इस मुद्दे को लेकर आंदोलन कर रही है. उनका कहना है कि सरकार ने घोषणाएं तो की ,लेकिन भुगतान में देरी की जा रही है. बताया जाता है कि शिक्षा विभाग को समय पर बजट नहीं मिल रहा है, जिससे छात्रों के खातों में पैसा नहीं पहुंच पा रहा है.  सरकार रोजगार और शिक्षा के बड़े-बड़े वादे करती है लेकिन छात्रवृत्ति वितरण में देरी  कर रही है. जेएलकेएम छात्र अधिकार यात्रा जैसे राज्यव्यापी आंदोलन शुरू किए हुए है. उनका कहना है कि जब तक छात्रवृत्ति बहाल  नहीं होती, विरोध जारी रहेगा. 

रिपोर्ट-धनबाद ब्यूरो

Tags:DhanbadWidhayakMantriAwasJairam Mahato

© Copyrights 2023 CH9 Internet Media Pvt. Ltd. All rights reserved.