धनबाद (DHANBAD): धनबाद के अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश उत्तम आनंद की मौत मामले में कोर्ट का फैसला आज गुरुवार को आ सकता है. उत्तम आनंद की मौत आज से ठीक एक वर्ष पूर्व इसी दिन हुई थी. धनबाद के रणधीर वर्मा चौक के समीप उत्तम आनंद सुबह टहल रहे थे तभी एक ऑटो ने उन्हें टक्कर मार दी थी , जिससे उनकी मौत हो गई. घटना के बाद ऑटो चालक फरार हो गया था. बाद में पुलिस ने गिरफ्तार किया.
ऑटो की टक्कर से न्यायाधीश सड़क पर गिर पड़े थे, वहां से गुजर रहे लोगों ने आनन-फानन में उन्हें धनबाद के SNMMCHअस्पताल पहुंचाया ,जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. उत्तम आनंद सुबह 7:00 बजे तक जब घर नहीं पहुंचे तो उनके परिवार वालों ने खोजबीन शुरू की तो पता चला कि दुर्घटना के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी मौत हो गई है. जज उत्तम आनंद घटना के 6 माह पहले ही धनबाद में ज्वाइन किया था. इससे पहले वह बोकारो जिला में पदस्थापित थे.
जज साहब की मौत के बाद राज्य मुख्यालय तक हड़कंप मच गया था. बाद में हाईकोर्ट की मॉनिटरिंग में सीबीआई ने घटना की जांच शुरू की. बता दें कि 20 अक्टूबर 21 को सीबीआई ने जेल में बंद ऑटो चालक लखन वर्मा व उसके सहयोगी राहुल वर्मा के खिलाफ चार्जशीट दाखिल किया था. अदालत ने दोनों आरोपियों के खिलाफ आरोप गठित कर विचारण शुरू किया. अभियोजन पक्ष की ओर से सीबीआई की विशेष लोक अभियोजक अमित जिंदल ने 169 गवाहों में से 58 की गवाही कराई है.
