रांची (RANCHI): सुबह से चली खबर शाम तक सच साबित हुई और आखिर नियोजन नीति के लिए 1932 के खतियान को कैबिनेट की मंजूरी मिल गई. इसके अलावा दूसरा सबसे अहम प्रस्ताव है, ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण का, जिसे भी मंजूरी मिली है. बता दें कि 5 सितंबर को विधानसभा के एक दिवसीय विशेष सत्र के दौरान मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा था कि बहुत जल्द सरकार 1932 के खतियान और ओबीसी आरक्षण पर सरकार मुहर लगाएगी. आज कैबिनेट ने 41 प्रस्तावों पर स्वीकृति दी.
जानें कैबिनेट के अन्य फैसलेः
-आंगनबाड़ी केंद्र और लघु आंगनबाड़ी केंद्रों में बर्तनों खरीदने के लिए 6000 प्रतिवर्ष राशि प्रति आगनबाड़ी खर्च किया जाएगा.
-86 प्रखंडों में प्रखंड कार्यालय भवन निर्माण के लिए 468 करोड़ रुपये खर्च होंगे.
-झारखंड में जमीन और फ्लैट की खरीद-बिक्री में 2 % स्टांप शुल्क बढ़ा. अब जमीन और फ्लैट का रजिस्ट्रेशन शुल्क कुल 9 % होगा.
-झारखंड वित्त विधेयक- 2022 के प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई है.
-कोल्हान विश्वविद्यालय अंतर्गत डिग्री महाविद्यालय (जुगसालय) में प्राचार्य समेत 29 अध्यापकों के पद सृजित.
-बिनोवा भावे विश्वविद्यालय अंतर्गत 5 नव डिग्री विश्वविद्यालय में प्राचार्य समेत 145 अध्यापकों के पद सृजित. बरही, डुमरी, सतगांवा, बरकट्टा में होगी प्रतिनियुक्ति.
=झारखंड विधानसभा सचिवालय नियुक्ति प्रोन्नति अनियमितता की जांच के लिए एक सदस्यीय आयोग ने जो रिपोर्ट दी है उसके कुछ बिंदुओं के समाधान के लिए एक सदस्यीय आयोग का गठन किया गया. सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस एस के मुखोपाध्याय इसपर रिपोर्ट देंगे.
-मंत्रियों के लिए खरीदे जाएंगे स्कॉट वाहन, चार करोड़ रुपये होंगे खर्च.
-स्कूलों में बच्चों को अब 5 दिन मिलेगा अंडा
