रांची(RANCHI): होली के त्योहार को लेकर ट्रेनों में उमड़ने वाली भीड़ को ध्यान में रखते हुए दक्षिण पूर्व रेलवे के रांची रेल मंडल ने यात्रियों के लिए विशेष इंतज़ाम किए हैं. इस साल पर्व के मौके पर अलग-अलग दिशाओं में 10 जोड़ी स्पेशल ट्रेनों का परिचालन किया जाएगा. रेलवे का मुख्य उद्देश्य यह है कि त्योहार के समय घर जाने वाले यात्रियों को कन्फर्म टिकट मिल सके और लंबी वेटिंग लिस्ट की समस्या से राहत मिले.
रांची रेल मंडल की सीनियर डीसीएम शुचि सिंह ने बताया कि हर साल होली के आसपास ट्रेनों में यात्रियों की संख्या अचानक बढ़ जाती है. बड़ी संख्या में लोग अपने घरों की ओर रुख करते हैं, जिससे नियमित ट्रेनों में सीट मिलना मुश्किल हो जाता है. इसी स्थिति को देखते हुए मंडल प्रशासन ने अतिरिक्त ट्रेनों की योजना तैयार की है. इन स्पेशल ट्रेनों का संचालन फरवरी के अंतिम सप्ताह से शुरू होकर मार्च के अंत और अप्रैल के शुरुआती दिनों तक अलग-अलग तिथियों में किया जाएगा.
रेलवे द्वारा जिन प्रमुख रूटों पर स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी, उनमें हटिया-दुर्ग, सांतरागाछी-अजमेर, रांची-झंझारपुर, रांची-गोरखपुर, टाटानगर-कटिहार, गोंदिया-पटना, तिरुपति-रक्सौल, चर्लपल्ली-पटना, चर्लपल्ली-रक्सौल और भुवनेश्वर-धनबाद शामिल हैं. हटिया और दुर्ग के बीच मार्च महीने में सप्ताह में दो दिन विशेष ट्रेन चलेगी, जबकि दुर्ग से हटिया के लिए भी समान व्यवस्था रहेगी. सांतरागाछी और अजमेर के बीच साप्ताहिक स्पेशल सेवा उपलब्ध कराई जाएगी.
रांची से झंझारपुर और झंझारपुर से रांची के बीच साप्ताहिक होली स्पेशल ट्रेनों का परिचालन होगा, जिससे झारखंड और बिहार के यात्रियों को खास सुविधा मिलेगी. इसी तरह रांची-गोरखपुर रूट पर भी साप्ताहिक विशेष ट्रेन चलाई जाएगी. टाटानगर और कटिहार के बीच भी अतिरिक्त सेवा उपलब्ध रहेगी, जिससे पूर्वी क्षेत्र के यात्रियों को लाभ मिलेगा.
दक्षिण भारत की ओर जाने वाले यात्रियों को ध्यान में रखते हुए तिरुपति और रक्सौल के बीच भी फेस्टिवल स्पेशल ट्रेनें चलेंगी. इसके साथ ही चर्लपल्ली-पटना, पटना-चर्लपल्ली और चर्लपल्ली-रक्सौल मार्ग पर भी वाया रांची विशेष ट्रेनों की सुविधा दी जाएगी. गोंदिया और पटना के बीच एक-एक फेरा लगाने वाली विशेष ट्रेन भी चलाई जाएगी.
भुवनेश्वर और धनबाद के बीच प्रतिदिन स्पेशल ट्रेन का संचालन इस बार सबसे बड़ी राहत साबित होगा. इससे झारखंड और ओडिशा के यात्रियों को रोजाना अतिरिक्त विकल्प मिलेगा और त्योहार के दौरान यात्रा का दबाव कम होगा.
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि अतिरिक्त कोच और स्पेशल ट्रेनों से न केवल सीटों की उपलब्धता बढ़ेगी, बल्कि वेटिंग लिस्ट भी कम होगी. यात्रियों ने भी इस पहल की सराहना की है. उनका मानना है कि त्योहारों के समय टिकट मिलना एक बड़ी चुनौती होती है, ऐसे में स्पेशल ट्रेनों से घर पहुंचना पहले की तुलना में आसान हो जाएगा.
रेलवे प्रशासन का प्रयास है कि होली के दौरान यात्रियों को सुरक्षित, सुगम और आरामदायक यात्रा का अनुभव मिल सके. उम्मीद की जा रही है कि इस फैसले से हजारों यात्रियों को सीधा लाभ पहुंचेगा और वे अपने परिवार के साथ त्योहार मना सकेंगे.
