✕
  • News Update
  • Trending
  • Jharkhand
  • Bihar
  • Politics
  • Business
  • Sports
  • National
  • Crime Post
  • Life Style
  • Health Post
  • Foodly Post
  • TNP Special Stories
  • Big Stories
  • Know your Neta ji
  • Entertainment
  • Know Your MLA
  • Art & Culture
  • Tour & Travel
  • Local News
  • Special Stories
  • TNP Photo
  • Techno Post
  • covid -19
  • LS Election 2024
  • TNP Explainer
  • International
  • Blogs
  • Education & Job
  • Special Story
  • Religion
  • Top News
  • Latest News
  • Lok Sabha Chunav 2024
  • YouTube
☰
  1. Home
  2. /
  3. News Update

ग्रीन एनर्जी और सेमीकंडक्टर सेक्टर को मिलेगा बूस्ट, IIT (ISM) Dhanbad में शुरू होगा क्रिटिकल मिनरल्स में MTech कोर्स

BY -
Shreya Upadhyay  CE
Shreya Upadhyay CE
Copy Editor • TheNewsPost.in
PublishedAt: February 26, 2026, 5:39:30 PM

धनबाद (DHANBAD): इलेक्ट्रिक वाहनों, सेमीकंडक्टर निर्माण और ग्रीन एनर्जी की तेजी से बढ़ती मांग के बीच अब क्रिटिकल मिनरल्स की अहमियत लगातार बढ़ रही है. भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए IIT (ISM) Dhanbad ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 से एमटेक स्तर पर “क्रिटिकल मिनरल्स” समेत तीन नए कोर्स शुरू करने का निर्णय लिया है. प्रत्येक कोर्स में लगभग 20 सीटें होंगी. संस्थान की सीनेट से मंजूरी मिलने के बाद इसकी औपचारिक अधिसूचना जारी की जाएगी.

संस्थान ने इस क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए पहले ही एक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किया है, जिसका उद्घाटन हाल ही में केंद्रीय कोयला मंत्री जी किशन रेड्डी ने किया था. संस्थान का मानना है कि लिथियम, कोबाल्ट, निकेल, ग्रेफाइट और रेयर अर्थ एलिमेंट्स जैसे रणनीतिक खनिजों पर विशेषज्ञ तैयार करना समय की मांग है.

आईआईटी आईएसएम के डिप्टी डायरेक्टर प्रो. धीरज कुमार के अनुसार, संस्थान का माइनिंग क्षेत्र में 100 वर्षों से अधिक का अनुभव रहा है. पहले पारंपरिक खनन और खनिजों पर ध्यान केंद्रित था, लेकिन अब सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और हाई-टेक उद्योगों में भी क्रिटिकल मिनरल्स की महत्वपूर्ण भूमिका है. आने वाले समय में ऊर्जा और उन्नत तकनीकी उद्योगों के लिए विशेषज्ञों की भारी आवश्यकता होगी, इसी दृष्टि से यह कोर्स शुरू किया जा रहा है.

कोर्स संरचना में इंडस्ट्री और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को भी शामिल किया जाएगा. यूरोपीय विश्वविद्यालयों के साथ शैक्षणिक साझेदारी की योजना है. साथ ही मेटलिक माइनिंग इंडस्ट्री के सहयोग से छात्रों को एक वर्ष संस्थान में सैद्धांतिक अध्ययन और एक वर्ष उद्योग में व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा.

संस्थान माइनिंग डंप में मौजूद क्रिटिकल मिनरल्स पर भी शोध कर रहा है. अकादमिक और औद्योगिक साझेदारी से इस क्षेत्र में व्यापक संभावनाएं विकसित होने की उम्मीद है. विशेषज्ञों का मानना है कि ऊर्जा सुरक्षा और तकनीकी आत्मनिर्भरता के लिए इन खनिजों पर फोकस करना भारत के लिए रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण कदम है.

रिपोर्ट : नीरज कुमार

Tags:dhanbaddhanbad newsIIT ISMIIT ISM dhanbadIIT ISM Dhanbad newslatest newsnews update

© Copyrights 2023 CH9 Internet Media Pvt. Ltd. All rights reserved.