✕
  • News Update
  • Trending
  • Jharkhand
  • Bihar
  • Politics
  • Business
  • Sports
  • National
  • Crime Post
  • Life Style
  • Health Post
  • Foodly Post
  • TNP Special Stories
  • Big Stories
  • Know your Neta ji
  • Entertainment
  • Know Your MLA
  • Art & Culture
  • Tour & Travel
  • Local News
  • Special Stories
  • TNP Photo
  • Techno Post
  • covid -19
  • LS Election 2024
  • TNP Explainer
  • International
  • Blogs
  • Education & Job
  • Special Story
  • Religion
  • Top News
  • Latest News
  • Lok Sabha Chunav 2024
  • YouTube
☰
  1. Home
  2. /
  3. News Update

दुमका: अवैध कोयला खदानों पर वन विभाग की बड़ी कार्रवाई, डीसी के निर्देश पर अवैध खदानों को किया गया ध्वस्त

BY -
Aditya Singh
Aditya Singh
Copy Editor • TheNewsPost.in
PublishedAt: January 14, 2026, 2:19:20 AM

दुमका (DUMKA): झारखंड को रत्नगर्भा कहा जाता है. उपराजधानी दुमका में धरती के नीचे कई खनिज संपदा है, जिसका अवैध तरीके से दोहन होता आ रहा है. खासकर शिकारीपाड़ा और गोपीकांदर थाना क्षेत्र में कोयला का प्रचुर भंडार है, जहाँ जिला प्रशासन और कोयला तस्कर के बीच चूहा बिल्ली का खेल जारी रहता है. ग्रामीणों को मोहरा बनाकर कोयला माफिया मालामाल हो रहे है. इस पर अंकुश लगाने के लिए समय-समय पर जिला खनन टास्क फोर्स की कार्यवाई होती है. कुछ दिनों तक शांत रहने के बाद वापस से क्षेत्र में कोयला का काला कारोबार शुरू हो है.

अवैध खदानों को किया गया ध्वस्त

डीसी रविशंकर शुक्ला के निर्देश पर जिला खनन टास्क फोर्स द्वारा शिकारीपाड़ा प्रखंड में अवैध कोयला उत्खनन मामले में बड़ी कार्रवाई की जा रही है. प्रखंड के पंचवाहिनी वन क्षेत्र में प्रशिक्षु वन प्रमंडल पदाधिकारी प्रबल गर्ग द्वारा अवैध कोयला खदानों और सुरंगों का डोजिंग किया जा रहा है. इस कार्रवाई में शिकारीपाड़ा थाना प्रभारी उमेश राम, जिला बल के साथ काफी संख्या में एसएसबी के जबान मौजूद है. टीम जेसीबी लेकर पंचवाहिनी के फॉरेस्ट एरिया में पहुंची.  जहाँ कोयला माफिया द्वारा जो खदान और सुरंग बना रखा है उसे ध्वस्त किया जा रहा है. वन विभाग की इस कार्रवाई से कोयला माफियाओं में हड़कंप मचा हुआ है. इस कार्रवाई के बाद डीएफओ सात्विक ने बताया कि समय-समय पर इस तरह की कार्यवाई होती है. आज 7 अवैध खदानों का डोजरिंग किया गया है. कार्यवाई अभी भी जारी है. हर हाल में कोयला के अवैध खनन को रोकना है.

माफिया को चिन्बित कर कार्यवाई हो तभी अवैध खनन पर लगेगी रोक

हम आपको बता दें कि कुछ दिन पूर्व खनन टास्क फोर्स के द्वारा प्रखंड के अलग-अलग क्षेत्रों में इस तरह की कार्रवाई की गई थी. कुछ दिनों तक सब कुछ शांत रहता है और उसके बाद वापस से कोयला का अवैध कारोबार शुरू हो जाता है. कोयला माफिया अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहा है. ग्रामीणों को सामने कर कोयला का अवैध खनन कराया जाता है. उत्खनन किए गए कोयला को जंगल मे डंप किया जाता है और रात के अंधेरे में ट्रक पर लोड कर कोयला को दूसरे प्रान्त भेजा जाता है. इसके लिए पूरा नेटवर्क कार्य करता है.

कोयले के इस काले कारोबार से एक तरफ जहां सरकार को राजश्व की हानि हो रही है. वहीं माफिया मालामाल हो रहे है, जबकि ग्रामीणों पर कोयला चोरी के आरोप में कार्यवाई होती है. जरूरत है कोयला माफिया को चिन्हित करते हुए कार्यवाई करने की तभी खनिज संपदा के दोहन को रोका जा सकता है.

रिपोर्ट. पंचम झा  

Tags:DumkaForest Department's major actionon illegal coal minesillegal mines were demolishedon the instructions of DC

© Copyrights 2023 CH9 Internet Media Pvt. Ltd. All rights reserved.