धनबाद (DHANBAD): कोयले के अवैध खनन व ट्रांसपोर्टिंग में लगे 'धनपशुओं' की आर्थिक ताकत तोड़ने के लिए प्रयास शुरू कर दिए गए हैं. इस क्रम में वाहन मालिकों पर नकेल कसने के लिए जब्त वाहनों को नीलाम करने की तैयारी की जा रही है. धनबाद खनन विभाग ने इसकी शुरुआत कर दी है. सूत्रों के अनुसार जिला खनन पदाधिकारी ने उपायुक्त को पत्र लिखकर पिछले दिनों धनबाद के राजगंज थाना क्षेत्र से अवैध कोयला लदे जब्त चार वाहनों को नीलाम करने की मंजूरी मांगी है.
बढ़ गई है धनपशुओं की ताकत
आपको बता दें कि अवैध खनन और इसकी ढुलाई में अकूत आमदनी होने के कारण कई 'धनपशुओं' की आर्थिक ताकत इतनी बढ़ गई है कि अब लगने लगा है कि जब तक उनकी आर्थिक ताकत को नहीं तोड़ा जाएगा, तब तक उन्हें नियंत्रित कर पाना बहुत आसान नहीं होगा. आ पको बता दें कि धनबाद के पूर्व उपायुक्त मदन मोहन झा ने जब धनबाद में माफिया उन्मूलन अभियान की शुरुआत की तो उस समय भी ऐसी ही स्थिति थी. माफिया किसी भी कार्रवाई की काट खोज ले रहे थे. उसके बाद उन्होंने एक- एक कर माफिया की आर्थिक ताकत को तोड़ने का काम शुरू किया. इसके लिए सबसे पहले उन्होंने बीसीसीएल से बालू और कोयले की ट्रांसपोर्टिंग का काम माफिया और उनसे जुड़े लोगों के हाथों से छीन कर कॉपरेटिव बनाकर लोगों को दिलवाना शुरू किया. उसका असर हुआ और माफिया धीरे धीरे कमजोर होने लगे.
आर्थिक चोट पड़ने से माफिया हुए कमजोर
सबसे पहले उन्होंने बीसीसीएल में बालू और कोयले की ट्रांसपोर्टिंग माफिया और उनसे जुड़े लोगों के हाथों से छीन कर कॉपरेटिव बनाकर देना शुरू करवाया. उसके सार्थक परिणाम निकले. माफिया धीरे-धीरे कमजोर होने लगे. बता दें कि जब तक अवैध धंधे में लगे लोगों को आर्थिक चोट नहीं मिलेगा, उन्हें नियंत्रित करना बहुत आसान नहीं होगा. आपको यह भी बता दें कि धनबाद में 15 सितंबर यानी आज से 25 सितंबर तक 10 दिनों का एंटी माइनिंग ड्राइव शुरू किया गया है. टास्क फोर्स की अभी हाल ही में हुई बैठक में इस बात पर निर्णय लिया गया और एक साथ पूरे जिले में एंटी माइनिंग ड्राइव शुरू हो रहा है.
