धनबाद(DHANBAD): गिरिडीह के डीएसई कार्यालय से शुक्रवार को ₹20000 घूस लेते गिरफ्तार किए गए लिपिक मिथिलेश कुमार गौतम धनबाद में भी पदस्थापित रह चुके हैं. लिपिक ने सेवानिवृत शिक्षक अजय कुमार सिंह की पेंशन शुरू करने की एवज में ₹20000 रिश्वत की मांग की थी. इसकी शिकायत उन्होंने निगरानी ब्यूरो से की थी. शुक्रवार को जाल बिछाकर लिपिक को गिरफ्तार किया गया.गिरफ्तारी के बाद टीम लिपिक को धनबाद लेकर आ गई. लिपिक टुंडी के रतनपुर का रहने वाला है.
यह है पूरा मामला
बताया गया है कि शिक्षक अजय कुमार सिंह 6 महीना पहले रिटायर हुए थे .उसके बाद किसी ने उनके शैक्षणिक प्रमाण पत्र फर्जी होने की शिकायत राज्य शिक्षा निदेशक से कर दी. गिरिडीह के डीएस ई को शैक्षणिक प्रमाण पत्र की जांच का निर्देश दिया गया था. शिकायतकर्ता शिक्षक के मुताबिक जांच में उसके सभी शैक्षणिक प्रमाण पत्र सही मिले. फिर भी पेंशन शुरू नहीं होने से वह परेशान थे. कार्यालय सहायक मिथिलेश कुमार गौतम के पास संचिका थी. उसने पावना भुगतान के लिए ₹20000 की रिश्वत मांगी .पैसा नहीं लेने का आग्रह करने पर वह कार्यालय से डांट कर भगा देता था. शिक्षक रिश्वत देना नहीं चाहते थे. फिर उन्होंने एसीबी से शिकायत की. एसीबी को जांच में मामला सही मिलने पर कार्रवाई की. हाल के दिनों में निगरानी ब्यूरो ने ताबड़तोड़ कार्रवाई की है. गिरिडीह में ब्यूरो की तीसरी बड़ी कार्रवाई है. शिक्षा विभाग के ही दो लोगों को रिश्वत लेते पकड़ा है. इसके पहले इंस्पेक्टर के रीडर को घूस लेते पकड़ा गया था. धनबाद में भी कई पुलिस अधिकारी हाल के वर्षों में एसीबी की हत्थे चढ़ चुके हैं.
रिपोर्ट: धनबाद ब्यूरो
