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झरिया के बच्चों ने दिखाया केंद्र सरकार को "आईना",पढ़िए क्या है उनका डिमांड, क्यों मांग रहे अलग मास्टर प्लान

BY -
Satya Bhushan Singh   Dhanbad
Satya Bhushan Singh Dhanbad
Copy Editor • TheNewsPost.in
PublishedAt: January 19, 2026, 11:31:54 AM

धनबाद(DHANBAD): झरिया कोयला क्षेत्र के बच्चों ने केंद्र सरकार को "आईना" दिखाया है.  कोयला क्षेत्र के साथ-साथ पूरे देश के में बाल श्रम को समाप्त करने के लिए  एक अलग से मास्टर प्लान की मांग कर डाली है.  इसके लिए शुक्रवार को झरिया के कोलफील्ड चिल्ड्रन क्लासेस के बच्चों ने रैली निकाली.  अलग  मास्टर प्लान की मांग को लेकर हाथों में तख्तियां लिए ,   नारे लगा कर एक रैली निकाली गई.   रैली झरिया शहर के विभिन्न स्थानों से होते हुए गांधी प्रतिमा के पास चिल्ड्रेन पार्क में समाप्त हुई.  उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार ने हाल ही में झरिया के लोगों के विकास के लिए 5940 करोड़ रुपये के झरिया मास्टर प्लान फंड को मंजूरी दी है.  

खासकर उन लोगों के लिए जो कोयला क्षेत्र में आग और धुएं से पीड़ित है.  लेकिन, कोयला क्षेत्र में हजारों की संख्या में  बाल श्रम को खत्म करने के लिए कोई प्रावधान नहीं किया गया है.  बच्चे हर दिन गरीबी के कारण अवैध रूप से कोयला खदानों में काम करते हैं, पढ़ाई में बाधित होती है.  स्कूल ड्रॉप आउट कि संख्या बढ़ रही है. कोलफील्ड चिल्ड्रेन क्लासेस के संस्थापक पिनाकी रॉय, ने कहा कि -  "झरिया एक ऐसी जगह है, जहां कई बच्चे अपने परिवार के सदस्यों के साथ कोयला के काम  में शामिल है. 

 वे कठोर और खतरनाक परिस्थितियों में काम करते हैं, उनमें से कुछ कोयला खदानों में मर भी जाते है.   कोयला मंत्रालय को चाहिए कि    कल्याणकारी योजनाओं "झरिया मास्टर प्लान" फंड   जैसा,   एक दूसरा मास्टर प्लान भी झरिया में बाल श्रम को रोकने के लिए मंजूर करे.   अन्यथा भारत सुपर पावर नहीं बन पाएगा.  बचपन से कोयला खदानों में काम करने वाली छात्रा सावित्री कुमारी ने कहा, 'हमारे बचपन के लिए जीवन बहुत कठिन रहा है, पिछले सालों कई बच्चें कोयला खदानों में मर गए.  फिर भी हमें अपनी रोटी के लिए काम करना पड़ता है. 

 सरकार को कोयला खदानों में बाल श्रम को रोकने के लिए गंभीर कदम उठाने चाहिए.बच्चे अलग मास्टर प्लान लाओ-बाल मजदूरी हटाओ'  एवं " अलग मास्टर प्लान लाओ- बचपन बचाओ " लिखा तख्तियां लेकर रैली में चल रहे थे. मौके पर पिनाकी रॉय, कला शिक्षक संजय पंडित, नयन दत्ता, शिक्षिका मौसमी रॉय के अलावा  छात्र -छात्रा सुमन कुमारी, नंदनी साव, सोनू कुमार, अंजलि कुमारी, मुस्कान कुमारी,  दुर्गा कुमारी, राजवीर कुमार, सावित्री कुमारी, राधिकार कुमारी, संजना कुमारी, सुहानी कुमारी, दुर्गी कुमारी, गुंजन कुमारी, रागिनी कुमारी, रवि कुमार, नंदन कुमार सहित अन्य मौजूद थे. 

रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो 

Tags:DhanbadJhariyaMaster PlanBachheRally

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