धनबाद(DHANBAD):झारखंड की "सरकार" शनिवार को धनबाद में थी. धनबाद के केंदुआडीह में गैस रिसाव और उसके बाद के हालातो की जानकारी लेने के लिए अधिकारियों की भारी -भरकम टीम धनबाद पहुंची थी. मुख्य सचिव, डीजीपी ,गृह सचिव स्तर के अधिकारी धनबाद में आज केंदुआडीह का जायजा लिया. इधर, सूत्रों के अनुसार एक्सपर्ट ने कहा है कि गैस रिसाव होने तक जगह से दूर रहना सबके लिए सुरक्षित रहेगा.
विश्वश्त सूत्रों के हवाले से खबर निकली है कि डीजीएमएस ने बंद केंदुआडीह खदान के 13 और 14 नंबर सिम के ऊपर बोर होल करने की अनुमति दे दी है. लेकिन बोर होल करने से पहले बीसीसीएल प्रबंधन को बोर होल करने के दौरान किसी भी विपरीत परिस्थिति से निपटने के लिए बालू एवं अन्य सुरक्षा संबंधी उपकरण की व्यवस्था कर लेने को कहा है. अधिकारियों ने बोर होल वाले संभावित स्थानों का मुआयना भी किया है. सूत्र बताते हैं कि केंदुआ चिल्ड्रेन पार्क सहित चार स्थानों पर बोर होल करने की योजना है. तकनीकी सलाह के लिए मिनिरल एक्सप्लोरेशन एंड कंसल्टेंसी लिमिटेड की टीम भी पहुंची है. सीएमपीडीआईएल की टीम तो पहले से ही कैंप कर रही है.
जानकारी के अनुसार गैस रिसाव रोकने के बोर होल के प्रस्तावित जगह का अधिकारियों की टीम ने मुआयना भी किया है. मुख्य सचिव अविनाश कुमार ने शनिवार को केंदुआडीह में कहा कि यहां के लोगों का जीवन महत्वपूर्ण है. लोगों को बचाने के साथ-साथ उनकी आर्थिक भावनाओं का भी ध्यान रखा जाएगा. उनके साथ राज्य की डीजीपी तदाशा मिश्रा, गृह सचिव वंदना डाडेल, राजस्व सचिव चंद्रशेखर, सचिव सुनील कुमार और अरवा राजकमल केंदुआडीह पहुंचे थे. साथ ही उपायुक्त आदित्य रंजन, एसएसपी प्रभात कुमार, बीसीसीएल के सीएमडी मनोज अग्रवाल समेत अन्य अधिकारी भी मौजूद थे.
मुख्य सचिव अविनाश कुमार ने कहा कि घटना की जानकारी लेने के लिए ही मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पूरी टीम को यहां भेजा है. लोगों की सुरक्षा और उनके पुनर्वास को लेकर जो भी निर्णय होंगे, उनमें जनसहमति जरूरी है. किसी को भी जबरन हटाया नहीं जाएगा. तकनीकी टीम की सलाह को ध्यान में रखते हुए ही कोई फैसला लिया जाएगा. प्रयास किया जाएगा कि लोगों को कम से कम कठिनाई हो. लोगों की सुरक्षा के लिए राज्य सरकार पूरी ताकत लगा रही है. लोगों को स्थानांतरित करने से पहले उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना आवश्यक है. घटना को लेकर राज्य और केंद्र सरकार दोनों लगातार संपर्क में है. अधिकारियों की टीम के साथ विधायक राज सिन्हा भी थे. उन्होंने कहा है कि राजपूत बस्ती में लंबे समय से जारी गंभीर गैस रिसाव की समस्या को लेकर मैं झारखंड विधानसभा के शीतकालीन सत्र में इस विषय को उठाया.
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जी से भेंट कर रैयतों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए प्रभावित स्थल पर उच्च स्तरीय जांच दल भेजे जाने की मांग की. मेरे सतत प्रयासों के परिणाम स्वरुप मुख्यमंत्री जी के निर्देश पर आज झारखंड के मुख्य सचिव, गृह सचिव, पुलिस महानिदेशक, राजस्व सचिव, खान सचिव केंदुआडीह पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण किया. इस मौके पर धनबाद के डीसी, एसएसपी, बीसीसीएल के सीएमडी एवं जिले के सभी संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि जनता की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा. रैयतों को उनका विधि सम्मत अधिकार सुनिश्चित किया जाएगा तथा इस गंभीर समस्या के स्थाई समाधान के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार संयुक्त रूप से काम करेगी.
रिपोर्ट -धनबाद ब्यूरो
