टीएनपी डेस्क (TNP DESK): सरायकेला जिला के चांडिल अनुमंडल क्षेत्र अंतर्गत अंडा गांव में जंगली हाथी की झुंड को एसिफेंट ड्राइव टीम की ओर से बुधवार को ड्राइव किया जा रहा था. उसी दौरान हाथियों के झुंड से एक हाथी का बच्चा बिछड़कर सूखे कुए में गिर गया था. और पूरी रात हाथी का बच्चा कुए में ही गिरा रहा. जिसके बाद अगले दिन यानी गुरूवार की सुबह चांडिल वन क्षेत्र के पदाधिकारी को इसकी जानकारी हुई और वन विभाग के पदाधिकारी द्वरा रेस्क्यू ऑपरेशन किया गया. वहीं कुएं में गिरने से हाथी का बच्चा बुरी तरह घायल हो गया है औऱ दर्द से तड़प रहा है. लेकिन आज 37 घंटे बीत जाने के बाद हाथी के बच्चे को नहीं बचाया सका. और उसकी मौत हो गई.
4 जेसीबी और 2 ट्रैक्टर की मदद से बनाया जा रहा था रास्ता
बता दें कि टीम ने 4 जेसीबी और 2 ट्रैक्टर की मदद से हाथी को निकालने के लिए रास्ता बनाया था. रेस्क्यू टीम ने एक तरफ से कुएं को तोड़कर रास्ता बना भी लिया था. लेकिन हाथी उठ नहीं पा रहा था. उसे उठाने के लिए पैर में रस्सी भी बांधी गई थी. लेकिन हाथी का बच्चा इतना कमजोर हो गया था की उसे बचाया नहीं जा सका.
रेस्क्यू के दौरान हुई हाथी की मौत
वन विभाग के अधिकारी ने बताया कि 30 फीट गहरे कुएं में गिरे हाथी की मौत हो गई है. वन विभाग की टीम गुरुवार की सुबह से हाथी को निकालने के लिए रेस्क्यू कर रही थी, लेकिन रेस्क्यू के दौरान ही उसकी मौत हो गई.
