खूंटी (KHUNTI): जिले के मुरहू क्षेत्र में हुई हिंसक झड़प के बाद हालात अब भी संवेदनशील बने हुए हैं. शनिवार को हुए पथराव के बाद इलाके में गुस्सा फैल गया, जिसके बीच रविवार को सर्व सनातन समाज की बैठक में जिलेभर में अनिश्चितकालीन बंद का निर्णय लिया गया. बंद का असर दोपहर से ही दिखने लगा, जब लोगों ने बाजारों में घूमकर दुकानों को बंद कराना शुरू कर दिया.
बैठक के बाद सैकड़ों लोग पूर्व मंत्री नीलकंठ सिंह मुंडा के नेतृत्व में खूंटी थाना पहुंचे, जहां उन्होंने डीएसपी वरुण रजक को अपनी मांगों से अवगत कराया. प्रदर्शनकारियों ने घटना में गिरफ्तार किए गए लोगों की बिना शर्त रिहाई और पुलिस कार्रवाई पर रोक लगाने की मांग उठाई.
नीलकंठ सिंह मुंडा ने घटना पर चिंता जताते हुए कहा कि निर्दोष लोगों को जल्द रिहा किया जाना चाहिए. वहीं प्रशासन का कहना है कि अब तक की कार्रवाई उपलब्ध साक्ष्यों और शिकायतों के आधार पर की गई है. डीएसपी वरुण रजक के अनुसार, दोनों पक्षों की ओर से मिले आवेदन के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है और जांच जारी है. उन्होंने बताया कि अब तक दो लोगों के खिलाफ ठोस सबूत मिले हैं, जबकि अन्य को छोड़ने की प्रक्रिया चल रही है.
पुलिस के मुताबिक, मुरहू थाना में इस घटना को लेकर अब तक कुल 10 मामले दर्ज किए जा चुके हैं, जिनमें तीन केस प्रशासन की ओर से दर्ज किए गए हैं. इस दौरान विभिन्न संगठनों और प्रतिनिधियों ने भी अपनी-अपनी बात प्रशासन के सामने रखी. जहां कुछ नेताओं ने कानून-व्यवस्था और धार्मिक जुलूस को लेकर सवाल उठाए, वहीं दूसरे पक्ष ने हमले और मारपीट के आरोप लगाते हुए लिखित शिकायत सौंपी है.