रांची(RANCHI)- रांची के होटवार स्थित बिरसा मुंडा केंद्रीय कारा लगातार पिछले दिनों से सुर्खियों में बना हुआ है. जेल के अंदर कई रसूखदार, कई नौकरशाह बंद हैं. कई घोटालेबाज भी बंद है. ईडी यानी प्रवर्तन निदेशालय के कई आरोपी भी जेल में रह रहे हैं. जेल के अंदर से बाहर भी इनके तार जुड़ रहे हैं जिस कारण से सरकार की किरकिरी हो रही है. हाल ही में एक कड़क अधिकारी बेसरा निशांत रॉबर्ट को हटा दिया गया. इसको लेकर भी सरकार आलोचना के घेरे में आ गई. अब इस केंद्रीय कार्य के नए जेल अधीक्षक की नियुक्ति हो गई है.
कौन बने हैं केंद्रीय कारा होटवार के जेल अधीक्षक
राज्य की हेमंत सरकार ने बमुश्किल एक महीने में ही बेसरा निशांत रॉबर्ट को हटा दिया. उन्हें हजारीबाग कारा प्रशिक्षण संस्थान में प्राचार्य बना दिया. उनके तबादले की आशंका पहले ही भाजपा नेताओं ने जाहिर की थी. बेसरा के बारे में कहा जाता है कि वह ईमानदार और कड़क अधिकारी हैं. जब से उनका पदस्थापन होटवार जेल में हुआ तो सत्ता के करीब रहने वाले अधिकारी या आरोपियों को परेशानी होने लगी. जेल के अंदर की सुविधा खत्म हो गई थी. इसलिए उनका तबादला कर दिया गया.अब गढ़वा मंडल कारा के जेलर अजय श्रीवास्तव को नया जेल अधीक्षक बनाया गया है.
मालूम हो की जेल के अंदर ईडी यानी प्रवर्तन निदेशालय के द्वारा गिरफ्तार किए गए कई रसूखदार यानी प्रेम प्रकाश, योगेंद्र तिवारी, आईएएस अधिकारी छवि रंजन, जमीन घोटाला के कई आरोपी बंद हैं. भाजपा ने कई बार आरोप लगाया है कि जेल मैनुअल के खिलाफ इन वीआईपी कैदियों को सुविधा जेल प्रशासन उपलब्ध कराता रहा है. हाल ही में एक हिंदी दैनिक के प्रबंध संपादक को भी जेल के अंदर से फोन पर धमकी दी गई जिस मामले में जेलर समेत तीन लोग सस्पेंड कर दिए गए हैं. अब देखना होगा कि नये जेल अधीक्षक अजय श्रीवास्तव का जेल के अंदर किस प्रकार का कामकाज रहता है.
