जमशेदपुर (JAMSHEDPUR) – रविवार शाम सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्य सरकार द्वारा कृषि उत्पादन बाजार समिति पर 2 प्रतिशत शुल्क लगाए जाने के विरोध में झारखंड विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष माननीय बाबूलाल मरांडी को ज्ञापन सौंपा. इस ज्ञापन के माध्यम से सिंहभूम चैम्बर ने बाबूलाल से मांग की है कि वे प्रदेश में व्यापारिक स्थिरता और व्यापरियों का अस्तित्व बचाने के लिए बिल का विरोध करें. वहीं बाबूलाल मरांडी ने प्रतिनिधि मंडल की बातों को विस्तार से सुनने के बाद कहा कि भाजपा शुरू से ही इस बिल के विरोध है. इसलिए भाजपा की पूर्ववर्ती सरकार ने इस शुल्क को समाप्त कर दिया था.
"कई राज्यों ने हटाया शुल्क"
मौके पर सिंहभूम चैम्बर ने कहा कि कृषि उत्पादन बाजार समिति पर शुल्क लगाना अव्यवहारिक है. इसीलिए कई राज्यों ने इस शुल्क को अपने प्रदेश में हटा दिया है. झारखंड में भी पूर्ववर्ती सरकार ने इस शुल्क को हटा दिया था. इस शुल्क के लगने से झारखंड में व्यापरियों को व्यापार में दिक्कतें आएंगी ओर इंस्पेक्टर राज बढ़ेगा. बता दें कि प्रतिनिधिमंडल में मुख्य रूप से चैम्बर के मानद महासचिव मानव केडिया,सचिव (ट्रेड एंड कॉमर्स) अनिल मोदी, कोषाध्यक्ष किशोर गोलछा,सचिव (पी आर डब्लू) भारत मकानी,सचिव (टैक्स एंड फाइनेंस) पीयूष चौधरी एवं सत्यनारायण अग्रवाल मुन्ना शामिल थे.
रिपोर्ट : रंजीत ओझा, जमशेदपुर
