बोकारो (BOKARO) - बहू की हत्या के आरोप में बोकारो जिले के तेनुघाट उपकारा में बंद कैदी बंधु हजाम की मौत का मामला सामने आया है. जानकारी के अनुसार तेनुघाट उपकारा में बंद बंधु ठाकुर एक सप्ताह पूर्व एसीजीएम के कोर्ट में सरेंडर किया था. तब से तेनुघाट उपकारा में बंद था. अचानक तबीयत बिगड़ने पर अनुमंडल अस्पताल तेनुघाट में भर्ती कराया गया. यहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गयी. बता दें कि बंधु ठाकुर पर बहू की हत्या करने के आरोप में आईईएल थाना में मुकदमा दर्ज था. परिजनों के अनुसार गुरुवार को तेनुघाट उपकारा में बंधु ठाकुर से मिलने गए थे, तो समय खत्म होने की बात कहकर उन्हें मिलने नहीं दिया गया. इसके बाद परिजनों को शुक्रवार की सुबह सूचना मिली कि बंधु ठाकुर की मौत हो गई है. वहीं जेलर के अनुसार बंधु हजाम की अधिक उम्र होने के वजह से सांस लेने की परेशानी थी, तो कैदी को जेल के अन्दर बने अस्पताल में रखा गया था. गुरुवार की रात तबीयत बिगड़ने पर अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां इलाज के दौरान मौत हो गयी.
समधिन के बयान पर हुई थी गिरफ्तारी
बता दें कि धनबाद जिला के वरोरा थाना अंतर्गत हरिना गांव निवासी फुलमनी देवी ने आईईएल थाना में बयान दर्ज कराया था कि उसकी पुत्री रीना देवी की शादी बंधु ठाकुर के पुत्र टिंकू ठाकुर के साथ वर्ष 2002 में हुई थी. शादी के बाद से ही ससुराल वाले उसकी पुत्री के साथ लड़ाई झगड़ा मारपीट किया करते थे. कई बार इसको लेकर आपसी समझौता भी हुआ था. वहीं 15 फरवरी 2020 को रीना देवी ने स्थानीय मुखिया के यहां अपनी तकलीफ सुनाई थी. वहां से लौट कर आने के बाद ही रीना देवी को उसके पति सास ससुर देवर गोतनी मिलकर मारपीट कर जान से मार डाला था. इसी बयान के आधार पर आईईएल थाना में मामला दर्ज किया गया था.
रिपोर्ट : संजय कुमार, बोकारो, गोमिया