धनबाद (DHANBAD) - महिलाओं के एक बड़े वर्ग के एनेमिक होने व अन्य कारणों से रक्तदान में उनकी सहभागिता बेहद कम होती है. एक आंकड़े के मुताबिक देश में महज 2 प्रतिशत महिलाएं रक्तदान करती हैं. धनबाद की महिलाओं ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर रक्तदान कर अलग संदेश दिया. सोमवार को उड़ान हौसल संस्था की ओर से जोड़ाफाटक स्थित इंडस्ट्रीज एंड कॉमर्स एसोसिएशन हॉल में आयोजित रक्तदान कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाएं शरीक हुईं. किया. महिलाओं ने इस रक्तदान शिविर से यह संदेश दिया कि माताएं सिर्फ जन्म ही नहीं दे सकती बल्कि आगे लोगों के जीवन बचाने के लिए भी सर्मथ हैं. बता दें कि उड़ान हौसलों की संस्था के द्वारा पिछले 5 वर्षों से अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के पहले रक्तदान शिविर का आयोजन किया जा रहा है.
महिलाओं ने साझा किए अनुभव
संस्था के अध्यक्ष सालनी खन्ना का कहना है कि शिविर में आकर महिलाओं को लाभ ही लाभ होता है. जिन महिलाओं का हीमोग्लोबिन कम होता है, वह तो रक्तदान नहीं कर सकती हैं. लेकिन उन्हें इस बात का पता जरूर हो जाता है कि आखिर यह कम क्यों है. ब्लड डोनेट करने वाली प्रीति कुमारी का कहना है कि रक्तदान कर उन्हें बहुत अच्छा लगा. यहां के लोगों ने बहुत प्यार और सम्मान दिया. लोगों को रक्तदान करने से डरना नहीं चाहिए, आपका रक्तदान किसी की जीवन बचा सकता है, किसी मां को उसका बेटा लौटा सकता है, किसी भाई को उसकी बहन लौटा सकता है, किसी पत्नी को पति लौटा सकता है. इसलिए डरिए नहीं, रक्तदान करिए.
रिपोर्ट : अभिषेक कुमार सिंह, ब्यूरो हेड, धनबाद
