☰
✕
  • Jharkhand
  • Bihar
  • Politics
  • Business
  • Sports
  • National
  • Crime Post
  • Life Style
  • TNP Special Stories
  • Health Post
  • Foodly Post
  • Big Stories
  • Know your Neta ji
  • Entertainment
  • Art & Culture
  • Know Your MLA
  • Lok Sabha Chunav 2024
  • Local News
  • Tour & Travel
  • TNP Photo
  • Techno Post
  • Special Stories
  • LS Election 2024
  • covid -19
  • TNP Explainer
  • Blogs
  • Trending
  • Education & Job
  • News Update
  • Special Story
  • Religion
  • YouTube
  1. Home
  2. /
  3. News Update

बिना ईंधन व वेतन के कैसे बुझेगी आग !

बिना ईंधन व वेतन के कैसे बुझेगी आग !

गोड्डा (GODDA) : 14 लाख की आबादी वाला गोड्डा जिला जिसमें 9 प्रखंड आते हैं, इन सभी क्षेत्रों में अगलगी की घटनाओं में हमेशा तत्पर रहने वाला अग्निशमन विभाग सरकारी उपेक्षाओं का दंश झेलने को मजबूर है. घटनास्थल तक पहुंचने को इनके पास वाहनों में भरने को इंधन तक देने से पेट्रोल पम्प द्वारा मना कर दिया गया. पम्प वाले ने कहा कि पहले पिछला बकाया क्लियर करें तभी डीजल दे पाएंगे. इतना ही नहीं, कर्मियों का वेतन भी तीन महीने से बकाया है.  संसाधनों की अन्य कई किल्लतों को भी विभाग झेल रहा है. ऐसे में गर किसी अनहोनी पर पूरी क्षमता के साथ विभाग प्रदर्शन नहीं कर पाएगा तो जिम्मेदार कौन होगा, यह बड़ा सवाल है.

 नहीं सुनी किसी ने फ़रियाद

गोड्डा जिले के अग्निशमन विभाग के पास 9 प्रखंडों तक पहुंचने के लिए चार वाहन मुहैया करवाए गए हैं जिसमें तीन बड़ा और एक छोटा वाहन मौजूद हैं. विभाग के प्रभारी बिनोद कुमार ने बताया कि सबसे बड़ी और अहम बात तो ये कि अभी अगर जिले के किसी क्षेत्र से अगलगी की सूचना मिलेगी तो चले तो जाएंगे मगर फिर वापस लौटने को वाहन में इंधन नहीं होगा. बताया कि इस बाबत राज्य कार्यालय से लेकर जिला मुख्यालय के सभी वरीय पदाधिकारियों को लिखित सूचना दिए जाने के बावजूद इस दिशा में कोई पहल नहीं हो पायी है.

जानिए जिला से प्रखंडों की दूरी 

जिले में कुल नौ प्रखंड हैं जहां अगलगी के कांडों को बचाने की जिम्मेदारी इस अग्निशमन विभाग की वाहनों पर होती है. गोड्डा जिला मुख्यालय से प्रखंडों की दूरी पर नजर डालें तो बोआरीजोर की दूरी 55 किलोमीटर, ठाकुरगंगटी की 65, मेहरमा की 70, महागामा की 45, बसंतराय की 32, पथरगामा की 17, पोडैयाहाट की 23, सुन्दरपहाड़ी की 19 किलोमीटर पड़ती है. अब कल्पना करें कि सबसे दूर वाले प्रखंड में आग लगती है तो कैसे पहुंचेंगे वाहन वहां तक, और अगर पहुंच भी गए तो फिर वापस आना नामुमकिन हैं.

  इन कारणों से झेलते जनता की नाराजगी

प्रभारी विनोद कुमार की माने तो एक तो प्रखंडों की दूरी और ऊपर से वाहनों की जर्जर स्थिति से कभी कभी यहाँ से निकलने में भी देर होती तो पहुंचते हैं देर से तो जनता के कोप का भाजन भी बनना पड़ जाता है. कहते हैं कि हौज से पानी निकालने की मशीन खराब होती है तो बमुश्किल मरम्मती हो पाती है. ऊपर से वाहनों के बैट्री पुरानी हो चली है, तो टायर भी पुराने हो गए हैं तो आपातकालीन स्थिति में कभी भी धोखा दे जाते हैं जिसकी वजह से देर हो जाती है .

कर्मियों को तीन माह से वेतन तक नहीं मिला

संशाधनो की कमी से जूझते अग्निशमन विभाग की दुर्दशा इतने में ही ख़त्म नहीं हुई. कर्मियों ने बताया कि विगत तीन माह से किसी को भी वेतन तक नहीं मिला है जिनसे राशन दुकानों में उधार बढ़ता जा रहा. अब पता नहीं अगर राशन दूकानदार ने भी राशन देने से मना कर दिया तो क्या होगा. उन्होंने बताया कि covid के समय में उपायुक्त के निर्देश पर दो दो वाहनों से सेनिटायजर का छिड़काव करने में नोजल खराब हो गयी जिसकी मरम्मती करवाने में सभी कर्मियों ने अपने वेतन से 17 हजार रुपए लगाए. उसकी भी अब तक वापसी नहीं हुई.

बतातें चलें कि यह विभाग स्वयं मुख्यमंत्री के पास है और उनके अधीन काम करने वाले जिले उपायुक्त द्वारा भी इस विभाग की इस तरह से अनदेखी वाकई दुखदायी तो है ही चिंताजनक भी .जरुरत है इस दिशा में सटीक और त्वरित कार्यवाई कर विभाग को दुरुस्त करने की ताकि विभागीय कर्मी अगलगी की घटनाओं के वक्त 24*7 तैयार रह सकें .

अजित कुमार सिंह ,न्यूज़ पोस्ट ,गोड्डा .

Published at:31 Dec 2021 12:53 PM (IST)
Tags:News
  • YouTube

© Copyrights 2023 CH9 Internet Media Pvt. Ltd. All rights reserved.