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झारखंड में आखरी दौर में माओवाद! 50 दिन का प्लान, इस तरह से हो जाएगा अब खात्मा   

झारखंड में आखरी दौर में माओवाद! 50 दिन का प्लान, इस तरह से हो जाएगा अब खात्मा   

रांची(RANCHI): झारखंड में नक्सलवाद की जड़ बेहद गहरी है. एक समय था जब झारखंड के अधिकतर जिले उग्रवाद प्रभावित थे. लेकिन अब नक्सली अपनी वजूद बचाने की लड़ाई लड़ रहे है. इनका दायरा भी अब सिमट गया है. जहां से भी अब खात्मा बेहद करीब है. झारखंड में बरसात से पहले आनी दो माह में उग्रवादियों को खत्म करने का एक्शन प्लान तैयार कर कार्रवाई चल रही है. कोल्हान से लेकर पलामू और कोयलंचल तक विशेष अभियान की शुरुआत की गई है. इस पूरे अभियान में झारखंड जगुआर के साथ CRPF,JAP,झारखंड पुलिस के जवान शामिल है. खास कर कोल्हान में इतिहास का सबसे पड़ा ऑपरेशन चल रहा है.

कौन बड़े नक्सली बचे

इस रिपोर्ट में बात करेंगे सबसे पहले किस क्षेत्र में कौन का संगठन का प्रभाव बचा है और कैसे हाल के दिनों में कार्रवाई हुई है. कोल्हान से अभियान की शुरुआत हुई. पुलिस का दावा है कि सारंडा के जंगल में एक करोड़ के इनामी तीन नक्सली है. जिसमें मिसिर बेसरा उर्फ प्रधान दा, रमेश दा उर्फ एनल और मनोज उर्फ असीम मंडल शामिल है. सभी सेंट्रल कमिटी के सदस्य है. और झारखंड में फिलहाल यही तीन शीर्ष माओवादी बचे हुए है. पहले बूढ़ा पहाड़ सभी बड़े माओवादियों का ठिकाना था लेकिन जब बूढ़ा पहाड़ पर नक्सलियों का सफाया हुआ तो सभी बड़े माओवादी सारंडा के जंगल निकल गए.

इन जिलों में बचा नक्सलवाद

सारंडा के अलावा गिरीडीह और पलामू में उग्रवादियों का संगठन बचा है. लेकिन बेहद कमजोर है. अगर पलामू की बात करें तो नितेश यादव का दस्ता और गिरीडीह में कुछ छोटे कैडर सक्रिय है. जिनके खात्मे को लेकर अभियान जारी है. सभी जिला की बात करें तो माओवादियों के साथ साथ JJMP TSPC और  TPC जैसे उग्रवादी संगठन पर भी कार्रवाई जारी है.       

DGP का दावा 50 दिन में साफ होजाएंगे माओवादी

अब एक जगह पर सभी बड़े माओवादी सिमट गए तो सभी फोर्सेस को भी सारंडा के जंगल में अभियान में लगा दिया गया. इसमें बेहद आक्रामक भूमिका झारखंड जगुआर और CRPF की है. इस अभियान के दौरान नक्सलियों के सैकड़ों IED अब तक बरामद किए गए है. साथ ही 18 से अधिक बंकर को नष्ट किया गया. बताया जाता है कि जिन बंकर को नष्ट किया गया है वह सब एक करोड़ के इनामी शीर्ष माओवादियों का था. यही छुप कर अपनी कार्रवाई की रणनीति बनाते थे. इस अभियान में DGP अनुराग गुप्ता ने बताया कि झारखंड में बरसात से पहले यानि 50 दिनों में माओवादी और अन्य संगठन का सफाया हो जाएगा.

चार मुठभेड़ और बड़े माओवादियों का सफाया

अब अगर नक्सलियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को देखे तो सुरक्षाबल के जवानों को कई बड़ी कामयाबी मिली है. पलामू प्रमंडल के टॉप माओवादी मारे गए है. हाल के दिनों में लातेहार में दो मुठभेड़ हुई.जिसमें 10 लाख के इनामी JJMP सुप्रीमो पप्पू लोहरा को ढेर कर दिया. ठीक दूसरे दिन नेतरहाट इलाके में मुठभेड़ शुरू हुई. जिसमें 05 लाख का इनामी मनीष यादव को मार गिराया साथ ही एक दस लाख का इनामी कुंदन पकड़ा गया. दोनों लातेहार इलाके में माओवादी के बड़े कैडर में थे.

हुसैनाबाद में मुठभेड़

इसके बाद फिर एक मुठभेड़ पलामू के हुसैनाबाद में शुरू हुई. जिसमें 15 लाख के इनामी नितेश यादव के दस्ते को जवानों ने बड़ी चोट पहुंचाई.एक उग्रवादी को ढेर कर दिया. जिसके बाद सूचना आई है कि 15 लाख का इनामी माओवादी भी घायल हुआ है. नितेश यादव का दस्ता पलामू का आखरी माओवादी कैडर है.

इस पूरे अभियान में अगर बोकारो की बात करें तो यहाँ पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है. जिसमें एक करोड़ के इनामी प्रयाग मांझी को जवानों ने मार गिराया है.इसके साथ इसके दस्ते के 8 नक्सली ढेर हुए.       

नया प्लान बन कर तैयार

अब नक्सली के खिलाफ रणनीति की बात कर ले तो नई प्लान के साथ जवान आगे बढ़ रहे है. हर बार देखा जाता था की अभियान शुरू होता और फिर रो दिया जाता. लेकिन अब लगातार जंगल में नक्सलियों के खिलाफ अभियान जारी रखा गया है. इस अभियान के दौरान नई रणनीति तय की गई. जिसमें बम निरोधक दस्ते को भी साथ रखा गया. जब अभियान में जवान कैम्प से निकलते है तो आगे JJ यानि झारखंड जगुआर का बम नष्ट करने वाला दस्ता चलता है जिससे जंगल में बिछाये गए IED की जानकारी मिले जिससे जवानों को नुकसान ना उठाना पड़े.                   

                      

 

Published at:28 May 2025 09:14 AM (IST)
Tags:Maoism is in its last phase in Jharkhand! 50 day planthis is how it will be eradicatedanti-naxal operationchhattisgarh naxal operationnaxal encounternaxal operationanti naxal operationbiggest naxal operationsukma anti naxal operationanti naxal operation in telugunaxal operation day 9naxal operation todaycg anti naxal operationnaxal operation updateanti naxal operation videonaxal operation chhattisgarhjharkhand anti naxal operationanti naxal operation in chhattisgarhnaxal attacknaxal operation 2025jharkhandjharkhand naxal encounternaxal operation jharkhandnaxaljharkhand newsjharkhand police operationjharkhand naxal operationjharkhand policeanti-naxal operation jharkhandnaxalites operation in jharkhandoperation against naxalites in jharkhandjharkhand jaguarjharkhand naxalbokaro naxal operation
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