पटना(PATNA):बिहार ने एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी छाप छोड़ा है. और दूसरे राज्य के लिए रॉल मॉडल बन गया. क्योंकि पंचयाती राज मंत्रालय ने पीएआई 2.0 रिपोर्ट जारी किया. जिसमें बिहार के दो पंचायत फ्रंट रनर की श्रेणी में शामिल हुए है. जबकि 771 ग्रेड बी श्रेणी में शामिल हुई है.जिससे राज्य में खुशी का माहौल है.सभी पंचयतों में गरीबी उन्मूलन और अन्य योजनाओं पर बेहतर काम किया गया है.
बता दे कि पंचायती राज मंत्रालय ने वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए पंचायत उन्नति सूचकांक (पीएआई) 2.0 रिपोर्ट जारी की है. इसमें देश के 33 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की कुल 2 लाख 59 हजार 867 ग्राम पंचायतों ने भाग लिया. रिपोर्ट के अनुसार, देशभर की 3,635 ग्राम पंचायतें अग्रणी श्रेणी में शामिल हुई हैं. जबकि 1 लाख 18 हजार 824 पंचायतों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन की श्रेणी में स्थान प्राप्त किया है. पंचायतों ने गरीबी मुक्त और उन्नत आजीविका और स्वस्थ पंचायत थीम्स में बेहतर प्रदर्शन किया है.
बिहार के लिए भी यह रिपोर्ट महत्वपूर्ण रही है. राज्य की 2 पंचायतों ने ग्रेड-ए यानी फ्रंट रनर श्रेणी में जगह बनाई है, जबकि 771 ग्राम पंचायतें ग्रेड-बी श्रेणी में शामिल हुई हैं. शेष पंचायतें ग्रेड-सी और ग्रेड-डी श्रेणी में रहीं. रोहतास जिले की तेलकप ग्राम पंचायत का प्रदर्शन उल्लेखनीय रहा है.
तेलकप पंचायत ने स्थानीयकृत सतत विकास लक्ष्यों(एलएसडीजी) से जुड़े सभी 9 थीम्स पर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है. इन विषयों में राष्ट्रीय स्तर पर द्वितीय स्थान प्राप्त करने के लिए तेलकप पंचायत का चयन नानाजी देशमुख सर्वोत्तम पंचायत सतत विकास पुरस्कार 'राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार' के लिए किया गया है.
पीएआई पंचायतों के प्रदर्शन का रिपोर्ट कार्ड
पीएआई 2.0 देशभर की पंचायतों के समग्र प्रदर्शन का एक विस्तृत ‘रिपोर्ट कार्ड’ है. यह रिपोर्ट सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजीएस) के एलएसडीजी के आधार पर तैयार की गई है. इसके माध्यम से पंचायतों के विकास, आधारभूत संरचना, सुशासन, सामाजिक सुरक्षा, महिला सशक्तिकरण, स्वच्छता, स्वास्थ्य और आजीविका जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में प्रदर्शन का आकलन किया जाता है.
पीएआई स्कोर के आधार पर पंचायतों की श्रेणि
पंचायतों को पीएआई स्कोर के आधार पर पांच श्रेणियों में बांटा गया है. इनमें ए+ श्रेणी को अचीवर, ए श्रेणी को फ्रंट रनर, बी श्रेणी को परफॉर्मर, सी श्रेणी को एस्पिरेंट और डी श्रेणी को बिगिनर माना गया है.
राज्य स्तर पर एलएसडीजी विषयों में अच्छा प्रदर्शन करने वाली पंचायतें
- थीम 1: गरीबी मुक्त एवं उन्नत आजीविका वाली पंचायत, अम्बा उतर, प्रखंड- पिपराही, जिला- शिवहर
- थीम 2: स्वस्थ पंचायत- कहलावा, प्रखंड- नौतन, जिला- सिवान
- थीम 3: बाल अनुकूल पंचायत- डुमरी भागारावा, प्रखंड- पिपरासी, जिला- पश्चिम चंपारण
- थीम 4: पर्याप्त जल युक्त पंचायत- पिपरासी, प्रखंड- पिपरासी, जिला- पश्चिम चंपारण
- थीम 5: स्वच्छ एवं हरित पंचायत- दुल्लाहपुर, प्रखंड- सिमरी, जिला- बक्सर
- थीम 6: आत्मनिर्भर आधारभूत संरचना युक्त पंचायत- जजुआर मध्य, प्रखंड- कटरा, जिला- मुजफ्फरपुर
- थीम 7: सामाजिक रूप से न्यायसंगत एवं सुरक्षित पंचायत- बहेरा, प्रखंड- बांका, जिला- बांका
- थीम 8: सुशासन युक्त पंचायत- समोहता, प्रखंड- रोहतास, जिला- रोहतास
- थीम 9: महिला अनुकूल पंचायत- गौरा-1, प्रखंड- तेघरा, जिला- बेगूसराय