पटना(PATNA):बिहार सरकार ने मजदूरों और प्रवासी श्रमिकों के हित में बड़ा फैसला लिया है.अब दूसरे राज्यों में काम करने वाले बिहार के मजदूरों की मदद के लिए हर राज्य में श्रम सेवा केंद्र खोले जाएंगे. सरकार का कहना है कि इससे बाहर काम करने वाले मजदूरों को सहायता, जानकारी और सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा.
मजदूरों तक हर सुविधा पहुंचाने पर जोर
श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग के मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने विभाग की योजनाओं और मजदूरों से जुड़ी समस्याओं की समीक्षा की. बैठक में अधिकारियों से योजनाओं की जानकारी ली गई और मजदूरों तक हर सुविधा पहुंचाने पर जोर दिया गया. मंत्री ने कहा कि सरकार प्रवासी मजदूरों के कल्याण के लिए लगातार काम कर रही है.
प्रवासी मजदूरों को मिलेगा इन 16 की योजनाओं का लाभ
सरकार मजदूरों के लिए 16 तरह की कल्याणकारी योजनाएं चलाएगी. इनमे वार्षिक वस्त्र सहायता योजना, शिक्षा सहायता योजना, विवाह के लिए आर्थिक सहायता, नकद पुरस्कार योजना, मातृत्व लाभ योजना, साइकिल खरीद योजना, पितृत्व लाभ योजना, भवन मरम्मत अनुदान, औजार खरीद योजना, मृत्यु लाभ योजना, विकलांगता पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन, परिवार पेंशन, चिकित्सा सहायता और दाह संस्कार सहायता योजना शामिल है.
मजदूरों और और उनके परिवारों को मिलेगी आर्थिक मदद
सरकार का मानना है कि इन योजनाओं से मजदूरों और और उनके परिवारों को आर्थिक मदद मिलेगी और उनका जीवन आसान होगा. मंत्री ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया है कि योजनाओं की लगातार समीक्षा कर जल्द से जल्द उन्हें जमीन पर लागू किया जाए, ताकि ज्यादा से ज्यादा मजदूरों को इसका लाभ मिल सके.